चिट्ठा चर्चा पर जो कमेन्ट कर रहे हैं वो कहा से आ रहे हैं दिख रहा हैं
देखिये जाकिर कहां से पहुचे हैं
और कुश कहां से आ रहे हैं
चर्चा पर कमेन्ट किसने किया और कहां से किया
ज़रा आप भी कर के देखे की आप कहां से पहुचे
तकनीक का सही गलत पता करे
यहाँ
सच बोलना जितना मुश्किल है , सच को स्वीकारना उस से भी ज्यादा मुश्किल है . लेकिन सच ही शाश्वत है और रहेगा मुझे अपने सच पर उतना ही अभिमान है जितना किसी को अपने झूठ से होने वाले फायदे पर होता हैं
दूसरी